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अब नये आईपीएस की ट्रेनिंग भौंरी अकादमी में होगी

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Digital Desk
वरिष्ठ संवाददाता, भोपाल
📅 30 नवम्बर -0001
🕐 12:00 AM
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भोपाल
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भोपाल, 17 सितम्बर 2016। भारतीय पुलिस सेवा में चयन के बाद सहायक पुलिस अधीक्षक के पद पर पदस्थ होने अधिकारियों की अब ट्रेनिंग सागर पुलिस अकादमी के स्थान पर भोपाल स्थित भौंरी पुलिस अकादमी में होगी। यही नहीं राज्य पुलिस सेवा में चयनित उप पुलिस अधीक्षकों की भी इसी नई अकादमी में ट्रेनिंग होगी। इस संबंध में राज्य के गृह विभाग ने 55 साल बाद अपनी विभागीय परीक्षाओं संबंधी अधिसूचना में संशोधन कर दिया है। नवीन प्रावधानों के अनुसार, अब भौंरी अकादमी में भापुसे के एएसपी तथा रापुसे के डीएसपी को विभागीय परीक्षा देनी होगी जिसमें तीन पेपर होंगे यथा एक, मप्र पुलिस सेग्युलेशन एवं मप्र विविध अधिनियम, दो, आचरण नियम एवं कार्यालयीन प्रक्रिया तथा तीन, गैर हिन्दीभाषी अधिकारियों के लिये हिन्दी। हिन्दी का पेपर दसवीं कक्षा की हिन्दी पाठ्यक्रम के अनुरुप होगा तथा यह पेपर उन गैर हिन्दीभाषी अधिकारियों को देनी होगी जिन्होंने मैट्रिेक या उसके समकक्ष परीक्षा हिन्दी माध्यम से या हिन्दी विषय लेकर उत्तीर्ण नहीं की है। यदि ये अधिकारी विभागीय परीक्षा में किसी पेपर में अनुत्तीर्ण हो जाते हैं तो उन्हें छह माह बाद पुन: इसका पेपर देने की सुविधा मिलेगी। ऐसे उन्हें सिर्फ चार बार ही अवसर मिल सकेंगे। नये प्रावधान के अनुसार, भौंरी अकादमी में विभागीय परीक्षाओं के पेपर तैयार करने एवं उत्तरपुस्तिाओं की जांच कराने का उत्तरदायित्व डीजीपी का होगा तथा यह कार्य पूर्ण रुप से गोपनीय होगा। परीक्षा उत्तीर्ण न करने पर यह होगी हानि : नये प्रावधान में निर्धारित अवधि में विभागीय परीक्षा उत्तीर्ण न करने पर होने वाली हानि का भी उल्लेख किया गया है। भापुसे के एएसपी यदि सभी पेपर में उत्तीर्ण नहीं होते हैं तो उनका सेवा में स्थायीकरण नहीं किया जायेगा तथा द्वितीय वेतनवृध्दि रोक ली जायेगी। इसी प्रकार रापुसे के डीएसपी यदि सभी पेपर में अनुत्तीर्ण होते हैं तो उनका सेवा में स्थायीकरण नहीं किया जायेगा। पीएचक्यु के अनुसार, अब भौंरी अकादमी में नव आईपीएस और नव डीएसपी की विभागीय परीक्षायें होंगी। सागर पुलिस अकादमी में अब यह कार्य नहीं होगा। - डॉ नवीन जोशी
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